कौशल विकास और प्रशिक्षण

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कौशल विकास और प्रशिक्षण प्रभाग की महत्वपूर्ण गतिविधियाँ और सेवाएँ निम्नवत हैं:+

भारत और शायद विकासशील देशों में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान अपनी तरह का एकमात्र प्रमुख संस्थान है और यह राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान का उत्तरदायित्त्व है कि वह भारत देश में ही नहीं अपितु अपने पड़ोसी और विकासशील देशों में भी पवन ऊर्जा के विकास को गति प्रदन करे। ऐसी गतिविधियों के एक भाग के रूप में, कौशल विकास और प्रशिक्षण प्रभाग (पूर्व में सूचना, प्रशिक्षण और अनुकूलित सेवाएं एकक), सूचना प्रसार और प्रशिक्षण कार्यक्रमों के केंद्र बिंदु के रूप में संस्थापित करने हेतु पवन ऊर्जा क्षेत्र के लिए कुशल और प्रशिक्षित जनशक्ति तैयार करने और देश में पवन ऊर्जा क्षेत्र को समृद्ध करने हेतु और जनता के लिए शिक्षण एवं और प्रशिक्षण हेतु उत्कृष्ट सुविधाएं प्रदान करता है।

महत्वपूर्ण गतिविधियाँ +
  • 33 अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए गए जिनके अंतर्गत 88 से अधिक देशों के 700 से अधिक पेशेवर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
  • 31 राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए गए जिनके अंतर्गत 1300 से अधिक पेशेवर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा सर्वप्रसिद्ध त्रैमासिक समाचार पत्रिका ‘ पवन ’ द्विभाषी ( हिंदी और अंग्रेजी ) प्रकाशित की जाती है।
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा ‘ अन्ना मणि सूचना केंद्र’ नाम से एक पुनर्निर्मित कम्प्यूटरीकृत पुस्तकालय की संस्थापना और प्रबंधन सुव्यवस्थित रुप से किया जा रहा है।
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में सूचना और प्रौद्योगिकी सुविधाएं और सेवाएं संचालित की गई हैं।
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में परिष्कृत दृश्य-श्रव्य प्रणाली सहित आधुनिक सुव्यवस्थित एवं सुसज्जित सम्मेलन और संगोष्ठी हॉल संस्थापित किए गए हैं।
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में पवन ऊर्जा विषय की विधाओं के लिए स्नातकोत्तर स्तर का विशेष प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तैयार किया गया है।
अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा 33 अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन किया जा चुका है जिसके अंतर्गत 88 से अधिक देशों के 700 से अधिक पेशेवर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया किया जा चुका है। वर्ष 2004 से राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के सहयोग से अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं; और वर्ष 2010 से भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग ( ITEC) के प्रतिभागी देशों के लिए भी उपर्युक्त प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं; और उपर्युक्त भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग ( ITEC ) और के द्वारा अफ्रीकी देशों के लिए भारत अफ्रीकी फोरम समिट क्रमशः “ द्वितीय और तृतीय ” के अंतर्गत अफ्रीकी देशों के लिए भी भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के समर्थन से उपर्युक्त प्रशिक्षण पाठ्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। विभिन्न हितधारकों और देशों के लिए प्रशिक्षण पाठ्यक्रम की विधाओं के व्यापक क्षेत्र निम्नलिखित हैं:

प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों के शीर्षक

  • पवन ऊर्जा टरबाइन प्रौद्योगिकी और अनुप्रयोग
  • पवन ऊर्जा टरबाइन परीक्षण और पवन ऊर्जा टरबाइन क्षेत्र की माइक्रो - सेटिंग
  • पवन ऊर्जा संसाधन निर्धारण और पवन ऊर्जा टरबाइन क्षेत्र योजना और
  • लघु पवन ऊर्जा टरबाइन के अभिकल्प, संस्थापना और रखरखाव

निम्नलिखित हितधारकों और देशों के लिए

  • बिम्सटेक / आसियान देश
  • क्यूबा देश के वैज्ञानिक
  • मिस्र देश के एओआई अभियंता
  • आईटीईसी / एससीएपीपी कार्यक्रम के अंतर्गत सहयोगी देश
  • अफ्रीकी देश
  • आसियान देश
  • युगांडा देश के अधिकारीगण

अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का विवरण अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पृष्ठमें देखा जा सकता है।

राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा पवन ऊर्जा क्षेत्र को समृद्ध करने के लिए अग्रणीय कार्य किया गया है और भारत में प्राथमिक पवन ऊर्जा स्रोतों को समृद्ध करने और पवन ऊर्जा क्षेत्र के विकास में योगदान दिया है। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा 31 राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन किया जा चुका है जिसके अंतर्गत देश के विभिन्न राज्यों के 1300 से अधिक पेशेवर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया किया जा चुका है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के अथक प्रयासों और पवन ऊर्जा के क्षेत्र में दशकों के विशाल अनुभव के निर्णयों के फलस्वरूप ही संतोषजनक परिणाम प्राप्त हुए हैं फलतः हमारा दायित्व हो जाता है कि हम विश्व में पवन ऊर्जा क्षेत्र का विकास करते हुए, इसे समृद्ध करते हुए, अपने अनुभव एवं ज्ञान का प्रसार करें। उपर्युक्त प्रयोजन के लिए ही प्रत्येक वित्तीय वर्ष में राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम प्रस्तावित किए जाते हैं और उनका तदनुसार आयोजन किया जाता है; जिसमें पवन ऊर्जा का परिचय, पवन ऊर्जा और इसकी प्रौद्योगिकी, पवन ऊर्जा संसाधन निर्धारण, संस्थापना और कमीशनिंग और पवन ऊर्जा टरबाइन क्षेत्रों के संचालन, रखरखाव के साथ वित्तीय पहलुओं, पवन ऊर्जा टरबाइन परीक्षण और एक केंद्रित पद्धति से पवन ऊर्जा टरबाइन प्रमाणन आदि विधाओं पर विवरण, और प्रतिभागियों को राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम प्रशिक्षण प्रदान करवाया जाता है।

राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का विवरण राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पृष्ठ में देखा जा सकता है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की समाचार- पत्रिका पवन +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की समाचार- पत्रिका पवन का प्रकाशित करना जागरूकता उत्पन्न करने और सूचना प्रसारित करने की एक श्रेष्ठतम पद्धति है। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान (पूर्व में पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकी केंद्र ) विकासशील देशों में अपनी तरह का एकमात्र संस्थान है और भारत देश में पवन ऊर्जा के क्षेत्र में त्वरा गति से विकास करने हेतु एक तकनीकी केंद्र बिंदु है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की भूमिका और गतिविधियों के साथ-साथ पवन ऊर्जा के क्षेत्र में स्थानीय और वैश्विक विकास के बारे में जागरूकता सृजन करने और सूचना प्रसार की अत्यधिक आवश्यकता होती है। अतः, वर्ष 2003 में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान (पूर्व में पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकी केंद्र ) के द्वारा एक त्रैमासिक समाचार पात्रिका पवन प्रकाशित करने का निर्णय लिया गया। त्रैमासिक समाचार पात्रिका पवन का प्रथम अंक जुलाई 2004 में प्रकाशित किया गया था और इसके अंक निरंतर प्रकाशित किए जा रहे हैं। त्रैमासिक समाचार पात्रिका पवन में पवन ऊर्जा की विभिन्न विधाओं को एक सरल डाउनलोड किए जाने योग्य रूप में उपलब्ध करवाया जा रहा है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की वार्षिक रिपोर्ट +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा वर्ष 2002-03 से निरंतर द्विभाषी ( हिंदी – अंग्रेजी) वार्षिक रिपोर्ट प्रकाशित की जा रही है, जो प्रत्येक वित्तीय वर्ष में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की गतिविधियों और सेवाओं की सूचना संसाधन के रूप में कार्य करती है। उपर्युक्त के अतिरिक्त, राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा प्रति वर्ष प्रदान की गई सूचनाएं एवं आँकड़े नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय की वार्षिक रिपोर्ट के लिए संग्रहण और संचयन का कार्य भी करते हैं।

प्रोफेसर अन्ना मणि केंद्र, राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान- पुस्तकालय+

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में पुस्तकालय का शुभारम्भ वर्ष 2002 में किया गया था, और प्रारंभ में यह पुस्तकालय संस्थान के अनुसंधान और विकास एकक के अंतर्गत था। पुस्तकालय की सुविधाओं को संस्थान के कौशल विकास एवं प्रशिक्षण प्रभाग (पूर्व में आईटीसीएस एकक) को सितंबर 2003 में 137 पुस्तकों और आवधिक पत्र –पत्रिकाओं की सदस्यता ली गई और 4 सदस्यता युक्त आवधिक पत्र –पत्रिकाओं के साथ इसे हस्तारंतित किया गया था। वर्तमान में, पवन ऊर्जा और विशेष रूप से नवीकरणीय ऊर्जा से संबंधित साहित्य के लगभग 2000 संबद्ध विषयों के साथ संस्थान के पुस्तकालय को समृद्ध करने के अथक प्रयास सतत किए जा रहे हैं। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के पुस्तकालय के द्वारा पवन ऊर्जा और अन्य संबद्ध अभियांन्त्रिकी विषयों से संबंधित सभी प्रमुख राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पत्र - पत्रिकाओं की सदस्यता ली गई है। इसमें 345 तकनीकी रिपोर्ट और 415 सम्मेलन की कार्यवाही और अन्य सूचना संसाधन जैसे पवन ऊर्जा एटलस, आँकड़े, पुस्तकें, मानचित्र, मैनुअल, स्मृति चिन्ह, डिजिटल संसाधन आदि भी उपलब्ध हैं।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान – पुस्तकालय, प्रोफेसर अन्ना मणि केंद्र, में सेवाओं को प्रभावी रूप से और त्वरा गति से उनकी पुनर्प्राप्ति हेतु पुस्तकालय संसाधनों को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए प्रोफेसर अन्ना मणि केंद्र, राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान - पुस्तकालय में ऑटोमेशन सॉफ्टवेयर ऑटोबायम का उपयोग करते हुए पुस्तकालय को कम्प्यूटरीकृत किया गया है। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान - पुस्तकालय के उपयोगकर्ता ऑनलाइन पब्लिक एक्सेस कैटलॉग (OPAC) के माध्यम से पुस्तकालय संसाधन (पुस्तकों और आवधिक पत्र –पत्रिकाओं ) की उपलब्धता और स्थिति की पहचान सुगमता से की जा सकती है। नई आने वाली पुस्तकों और आवधिक पत्र –पत्रिकाओं के प्राप्त होने पर पुस्तकालय संसाधन में अद्यतन किया जाता है।

आउटरीच गतिविधियाँ +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में कौशल विकास और प्रशिक्षण प्रभाग की अकादमिक, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय क्षेत्र में अग्रसरता होने वाली घटनाओं और प्रदर्शनियों में प्रतिभागिता होती है; राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा व्यावसायिक विकास को समृद्ध करने के साथ-साथ प्रदर्शनियों में आगंतुकों के लिए राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान और पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकियों की गतिविधियों और सेवाओं का प्रसार किया जाता है। भारत में आयोजित 102वीं भारतीय विज्ञान कांग्रेस में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शनी -कक्ष का पुरस्कार राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान को प्रदान किया गया।

औद्योगिक अध्ययन- भ्रमण +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के कौशल विकास और प्रशिक्षण प्रभाग के द्वारा राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान और पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकियों की विभिन्न विधाओं की गतिविधियों एवं ज्ञान और सेवाओं के प्रसार हेतु विभिन्न विद्यालय एवं महाविद्यालयों के विद्यार्थियों और विशेष औद्योगिक आगंतुकों के द्वारा राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में अध्ययन भ्रमण के अवसर पर उन्हें सेवाएं उपलब्ध करवाई जाती हैं।

वैश्विक पवन ऊर्जा दिवस समारोह +

वैश्विक पवन ऊर्जा दिवस एक विश्वव्यापी घटना है जिसे प्रतिवर्ष पूर्ण विश्व में 15 जून को मनाया जाता है। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा भी वर्ष 2009 से प्रतिवर्ष विभिन्न आयोजनों के साथ वैश्विक पवन ऊर्जा दिवस मनाया जा रहा है। उपर्युक्त वैश्विक पवन ऊर्जा दिवस समारोह के आयोजन में शिक्षकों के लिए क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यशालाएं और विद्यार्थियों के लिए पवन ऊर्जा की विभिन्न विधाओं में जागरूकता उत्पन्न करने हेतु कार्यशालाओं और प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की सूचना विवरणिका का प्रकाशन +

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान की गतिविधियों और सेवाओं को अपने सभी हितधारकों में उचित रुप से प्रस्तुत करने और जागरूकता और प्रसार करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा अपनी सूचना विवरणिका को अद्यतन, अभिकल्प करते हुए समय – समय पर प्रकाशित किया जाता है और आवश्यकतानुसार सभी आगंतुकों को, प्रदर्शनियों, विभिन्न बैठकों / प्रशिक्षण / सम्मेलन के अवसर पर, समारोहों, महत्व अवसरों / घटनाओं, कार्यालय आदि में वितरित किया जाता है।

सम्मेलन एवं सेमिनार हॉल सुविधाओं की स्थापना और रखरखाव+

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा सम्मेलन, कार्यशालाएं, सेमिनार और प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने के लिए राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में 90 व्यक्तियों के बैठने की क्षमता वाले एक परिष्कृत दृश्य-श्रव्य प्रणाली युक्त और 25 व्यक्तियों के बैठने की क्षमता वाले सेमिनार हॉल के साथ एक सुसज्जित आधुनिक सम्मेलन कक्ष की सुविधाओं को सुव्यवस्थित रूप से प्रबंधित किया गया है जिससे कि सभी सम्मेलन, कार्यशालाएं, सेमिनार और प्रशिक्षण कार्यक्रम सुचारू रूप से आयोजित किए जाएं।

इरेडा – नीवे पुरस्कार +

भारतीय अक्षय ऊर्जा विकास एजेंसी लिमिटेड - राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान ( इरेडा – नीवे पुरस्कार ) पवन ऊर्जा पुरस्कार को वर्ष 2018 में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान और भारतीय अक्षय ऊर्जा विकास एजेंसी लिमिटेड के मध्य हुए एक समझौता ज्ञापन पत्र पर आधारित बनाए गए कॉर्पस फंड से संस्थापित किया गया है। राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के कौशल विकास और प्रशिक्षण प्रभाग के माध्यम से उपर्युक्त पुरस्कार संबंधित उचित व्यवस्था करवाई जाती है।

राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा प्राप्त महत्वपूर्ण पुरस्कार +
  • ‘सोलर एनर्जी सोसाइटी ऑफ इंडिया’ का विशेष उत्कृष्टता केंद्र पुरस्कार’
  • दिनांक 08 फरवरी 2006 को हैदराबाद स्थित हैदराबाद इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में आयोजित ICORE-2006 के उद्घाटन समारोह के अवसर पर भारत सरकार के तत्कालीन नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के माननीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विलास मुत्तेमवार के कर-कमलों से पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकी केंद्र (राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान का पूर्व नाम) को ‘मैसर्स सोलर एनर्जी सोसाइटी ऑफ इंडिया (SESI) का विशेष उत्कृष्टता केंद्र पुरस्कार’ प्रदान किया गया।

  • विंड इंडिया के द्वारा ‘विशेष संस्थान मान्यता पुरस्कार’
  • दिनांक 25 नवम्बर 2008 को चेन्नई स्थित ‘चेन्नई ट्रेड सेंटर’ में मैसर्स विंड इंडिया इंस्टीट्यूट फॉर सस्टेनेबल एनर्जी (WISE) के द्वारा आयोजित ‘अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन और प्रदर्शनी ’ समारोह में पवन ऊर्जा प्रौद्योगिकी केंद्र (राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान का पूर्व नाम) को ‘ मैसर्स विंड इंडिया के द्वारा विशेष संस्थान मान्यता पुरस्कार’ ( स्पेशल इंस्टीट्यूशन रिकग्निशन अवार्ड) से सम्मानित किया गया।

  • “102वें भारतीय विज्ञान कांग्रेस – ‘भारत का गौरव’ 2015" प्रदर्शनी में “मानव विकास के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी" – सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शनी- कक्ष पुरस्कार
  • दिनांक 3 से 7 जनवरी 2015 की अवधि में मुम्बई स्थित मुंबई विश्वविद्यालय में आयोजित “102वें भारतीय विज्ञान कांग्रेस– ‘भारत का गौरव’ 2015" प्रदर्शनी में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा भाग लिया गया। इस अवसर पर ‘ भारतीय विज्ञान कांग्रेस’ के द्वारा राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान को “मानव विकास के लिए विज्ञान और प्रौद्योगिकी – सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शनी- कक्ष" पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

    उपर्युक्त पुरस्कार राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के अतिरिक्त निदेशक और आईटीसीएस प्रमुख - श्री पी कनगवेल के द्वारा प्राप्त किया गया।

  • अंतर्राष्ट्रीय गुणवत्ता हेतु ‘BID अवार्ड जेनवा-2015 स्वर्ण श्रेणी’
  • दिनांक 21 मार्च से 22 मार्च 2015 की अवधि में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा स्विट्जरलैंड, जिनेवा में “ अंतर्राष्ट्रीय गुणवत्ता के लिए बिड अवार्ड जिनेवा 2015 गोल्ड श्रेणी” प्राप्त किया गया। उपर्युक्त समारोह का उद्देश्य उत्कृष्ट कंपनियों, संगठनों और उद्यमियों की प्रतिष्ठा को पहचानना होता है।

  • विजयवानी राष्ट्रीय शैक्षिक नेतृत्व पुरस्कार
  • दिनांक 12 सितंबर 2015 को कर्नाटक राज्य के सबसे अधिक परिचालित कन्नड़ दैनिक समाचार पत्र ‘विजयवाणी’ के द्वारा बैंगलोर के यशवंतपुर स्थित होटल ताज - विवांता में आयोजित विजयवानी नेशनल एजुकेशन लीडरशिप अवार्ड्स समारोह में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान को "शिक्षा नेतृत्व पुरस्कार" से सम्मानित किया गया; यह पुरस्कार एक शैक्षणिक संस्थान के नेतृत्व, विकास, संस्थान और उद्योग इंटरफेस के विपणन की मान्यता हेतु प्रदान किया जाता है।
    उपर्युक्त पुरस्कार राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के अतिरिक्त निदेशक और आईटीसीएस प्रमुख - श्री पी कनगवेल के द्वारा प्राप्त किया गया।

  • अफ्रीका - शिक्षा नेतृत्व पुरस्कार
  • दिनांक 9 दिसंबर 2015 को मॉरीशस स्थित ले मेरिडियन होटेल में आयोजित ‘ वर्ल्ड CSR डे और वर्ल्ड सस्टेनेबलिटी कार्यक्रम’ में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान को "अफ्रीका - शिक्षा नेतृत्व पुरस्कार" से सम्मानित किया गया।

  • शिक्षा नेतृत्व पुरस्कार - राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान
  • दिनांक 23 जून 2016 को मुंबई में आयोजित ‘विश्व शैक्षिक कांग्रेस’ में आयोजित मैसर्स एबीपी न्यूज नेशनल एजुकेशन अवार्ड्स में ‘शैक्षिक संस्थान के नेतृत्व, विकास, संस्थान विपणन और उद्योग इंटरफेस की मान्यता’ में राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान को "एजुकेशन लीडरशिप अवार्ड" से सम्मानित किया गया।

नवाचार+
  • नवीकरणीय ऊर्जा प्रयोगशाला की स्थापना
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा एक नवीकरणीय ऊर्जा प्रयोगशाला की स्थापना की गई है जिसमें संस्थापित किए गए उपकरणों से नवीकरणीय ऊर्जा के संदर्भ में अध्ययन - भ्रमण हेतु आने वाले आगंतुकों और प्रशिक्षण प्रतिभागियों के द्वारा प्रदर्शन, प्रयोगों और अनुसंधान से नवीकरणीय ऊर्जा प्रौद्योगिकियाँ व्यावहारिक रूप से समझने का सुअवसर मिलता है।


    विंड टरबाइन एमुलेटर पवन ऊर्जा प्रशिक्षण प्रणाली पीवी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान प्रणाली
    सौर तापीय प्रशिक्षण प्रणाली (फ्लैट प्लेट कलेक्टर आधारित प्रणाली) सौर पीवी ग्रिड टाइड प्रशिक्षण प्रणाली थर्मल ऊर्जा भंडारण प्रशिक्षण प्रणाली
    सौर संकेंद्रण प्रशिक्षण प्रणाली सौर पीवी एमुलेटर

  • लघु पवन ऊर्जा टरबाइन प्रयोगशाला की स्थापना
  • राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान के द्वारा वर्ष 2017 में नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के द्वारा प्रायोजित 2 लघु पवन ऊर्जा टरबाइन प्रयोगशालाएं संस्थापित की गईं, एक लघु पवन ऊर्जा टरबाइन प्रयोगशाला राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान में संस्थापित की गई, और दूसरी लघु पवन ऊर्जा टरबाइन प्रयोगशाला की संस्थापना गांधीग्राम ग्रामीण संस्थान (डीम्ड विश्वविद्यालय) में की गई। उपर्युक्त लघु पवन ऊर्जा टरबाइन प्रयोगशाला संस्थापित करने के पश्चात लघु पवन ऊर्जा टरबाइन के अभिकल्प, संस्थापना और रखरखाव पर सफलतापूर्वक दो क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित किए गए; इसमें आईटीआई, डिप्लोमा, अभियांत्रिकी और ग्रामीण यांत्रिकी में लघु पवन ऊर्जा टरबाइन क्षेत्र में कुशल मानवशक्ति तैयार करने के उद्देश्य हेतु 50 प्रतिभागियों के द्वारा भाग लिया गया।

    उपर्युक्त के अतिरिक्त, 3 अंतर्राष्ट्रीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम, लघु पवन ऊर्जा टरबाइन के अभिकल्प, संस्थापना और रखरखाव विषय पर आयोजित किए गए, जिसमें आईटीईसी और एआईएफएस प्रशिक्षण पाठ्यक्रम के लगभग 100 अंतर्राष्ट्रीय प्रतिभागियों और लगभग 40 देशों के अन्य प्रतिभागियों के द्वारा भाग लिया गया और ग्रामीण विकास के लिए उपयोगी स्थानीय रूप से कम लागत की उपलब्ध सामग्री से लघु पवन ऊर्जा टरबाइन का निर्माण स्वंय अपने हाथों से करते हुए व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त किया। ।